बैच प्रोसेसिंग किसे कहते है?

बिना मानवीय हस्तक्षेप के एक कंप्यूटर पर कार्यक्रमों की एक श्रृंखला (‘जॉब’) का निष्पादन, बैच प्रोसेसिंग कहलाता है|

  • इसमें कंप्यूटर पर किये जाने वाले कार्य के निर्देशों को पहले से कंप्यूटर बैच प्रोग्राम में सहेज कर रखा जाता है|
  • कंप्यूटर बैच प्रोग्राम को एक नियत समय पर कार्य प्रारंभ करने के लिए अन्य कंप्यूटर प्रोग्राम कार्य अनुसूचक के माध्यम से निर्देशित किया जाता है|
  • बैच प्रोग्राम को कार्य के लिए ज़रुरी इनपुट फाइल के रूप में दिए जाते है, इनपुट पहले से इन फाइलों में सहेज कर रखे जाते है|
  • इसे “खेप प्रक्रमण” भी कहते है, अधिक जानकारी के लिए यहाँ जाएँ

बाइनरी नंबर सिस्टम (द्विआधारी संख्या प्रणाली) क्या है?

जिस प्रकार “दशमलव संख्या प्रणाली”/ डेसीमल नंबर सिस्टम में संख्याओं को लिखने के लिए 0-9 तक के दस अंक है|

उसी प्रकार बाइनरी नंबर सिस्टम (द्विआधारी संख्या प्रणाली) में कोई भी संख्या सिर्फ 2 अंको के माध्यम से ही लिखी जाती है, वे दो अंक है 0 और 1|

डेसीमल  बाइनरी
0 0
1 1
2 10
3 11
4 100
5 101
6 110
7 111
8 1000
9 1001
10 1010
11 1011
12 1100
13 1101
14 1110
15 1111
  • डेसीमल में आधार 10 होता है और बाइनरी में आधार 2 होता है|
  • कंप्यूटर बाइनरी गणना पर ही चलता है क्यों की इलेक्ट्रॉनिक्स में किसी भी सिग्नल की चालू या  बंद दो ही अवस्था हो सकती है|